ALL देश विदेश सम्पादकीय राजनीति अपराध खेल मनोरंजन चुनाव आध्यात्म सामान्य
बेतिया(पश्चिम चंपारण) :: स्वतंत्रता संग्राम सेनानी वीरांगना, बेतिया राज के अंतिम महारानी जानकी कुंवर की 150वीं जन्म शताब्दी समारोह के आयोजन
February 18, 2020 • aaditya prakash srivastava • राजनीति

शहाबुद्दीन अहमद, बेतिया(पश्चिम चंपारण), बिहार। देश दुनिया के अनेक जाने-माने पर्यावरणविद् ,सामाजिक चिंतक एवं इतिहासकार की उपस्थिति रहेगी। 18 फरवरी 2020 को सत्याग्रह रिसर्च फाउंडेशन के सभागार के सत्याग्रह भवन में, सत्याग्रह रिसर्च फाउंडेशन के तत्वाधान में आयोजित होने वाले महान स्वतंत्रता सेनानी वीरांगना, बेतिया राज के अंतिम महारानी जानकी कुंवर 150वीं जन्म शताब्दी समारोह के लिए एक बैठक कर कोर कमेटी का गठन किया गया।

इस अवसर पर स्वच्छ भारत मिशन के ब्रांड सह सचिव सत्याग्रह रिसर्च फाउंडेशन के डा एजाज अहमद (अधिवक्ता) ने कहा कि महारानी जानकी कुंवर बेतिया, पश्चिम चंपारण की पहली महिला हैं जिन्होंने लगभग 50 वर्षों तक सबसे अधिक अंग्रेजों के अत्याचार और यातना शिकार रहीं,इस अवसर पर सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों, बुद्धिजीवी, इतिहासकारों एवं विभिन्न विश्वविद्यालय के शोधार्थियों ने शिरकत की, इस अवसर पर सर्व सहमति से निर्णय लिया गया कि 8 मार्च 2020 को महारानी जानकी कुंवर 150विं जन्म शताब्दी समारोह का आयोजन किया जाएगा ।सत्याग्रह रिसर्च फाउंडेशन एवं विभिन्न सामाजिक संगठनों द्वारा 8 मार्च को प्रत्येक वर्ष के रूप में मनाया जाता है। महारानी जानकी कुंवर का जन्म मार्च 1870 ईसवी में हुआ था, इस अवसर पर सर्व सम्मति से निर्णय लिया गया कि 1 वर्षों तक विभिन्न चरणों में महारानी जानकी कुंवर 150वीं जन्म शताब्दी पर विभिन्न सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा, विशेष रूप से महारानी जानकी कुंवर की जीवन दर्शन, ऐतिहासिक धरोहरों के लिए महारानी जानकी कुंवर का प्रयास सामाजिक कुरीतियों से मुक्त, शिक्षा ,स्वास्थ्य ,स्वच्छता, पर्यावरण संरक्षण के लिए रूप में जन-जन तक पहुंचाया जाएगा,इस ऐतिहासिक अवसर पर एक दिवसीय कार्यशाला का भी आयोजन किया जाएगा। इस अवसर पर स्वच्छ भारत मिशन के ब्रांड अंबेसडर डॉ नीरज गुप्ता एवं बिहार विश्वविद्यालय के इतिहास विभाग के डॉ शहनवाज अली ने कहा कि यह हम सब बेतिया ,पश्चिम चंपारण के लोगों के लिए गर्व का विषय है कि हम सभी को महारानी जानकी कुंवर की 150वीं जन्म शताब्दी पर समारोह में शिरकत करने और उन्हें श्रद्धा सुमन अर्पित करने का अवसर प्राप्त हो रहा है।